दंतेवाड़ा@ सामुदायिक स्वास्थ्य केंद्र गीदम में लैब टेक्नीशियन विपिन तिवारी पदस्थ है. जो डियूटी में लगातार अनुउपस्थित होकर भी आराम से महीने पूरे होते पगार डकार लेते है। गीदम में कर्मचारियों की उपस्थिति पंजी में महाशय 03 जुलाई से 12 जुलाई तक अपनी डियूटी पर नदारत रहे। और फिर 13 जुलाई को पहुँचकर पंजी में नदारत रहे 10 दिनों के हस्ताक्षर कर दिये। और ये सब बताया जा रहा है कि बीएमओ गौतम के जानकारी में ही चलता है।

03 जुलाई से 12 जुलाई तक नदारत रहा कर्मचारी

अब आपको बता दे कि जिस दौरान लेब टेक्नीशियन डियूटी से नदारत थे ठीक उस बीच 11 जुलाई को दंतेवाड़ा सीएचएमओ डॉक्टर शर्मा का भी विजिट हुआ उन्होंने भी रजिस्टर में विजिट के सिग्नेचर किये। जिन्होंने भी लेब टेक्नीशियन के नदारत रहने बावजूद भी खाली जगहों पर अनुउपस्थित लिखना उचित समझा। ये बात समझ से परे है।

किस तरह से CHMO के विजिट के बाद नदारत कर्मचारी ने रजिस्टर पर हस्ताक्षर किये

जिले में कोरोना महामारी व मलेरिया उन्मूलन जैसे महत्वपूर्ण काम के चलते स्वास्थ्य महकमे से जुड़े किसी भी कर्मचारी या डॉक्टर को अवकाश नही मिल रहा है। ऐसे में एक लैब टेक्नीशियन का यह कृत्य समझ से परे है।

दंतेवाड़ाCHMO डॉक्टर GC शर्मा का 11 जुलाई को विज़िट

जानकारी के लिए बता दे कि विपिन तिवारी लगभग 10 वर्षो से लेब टेक्नीशियन के पद पर है पर वे कभी भी मुख्यालय में नही रहते। ऐसे कर्मचारियों पर कार्यवाही से भी स्वास्थ्य महकमा घबराता क्योकि ये कर्मचारी अक्सर अपनी पहुँच का और नेतागिरी का हवाला देने भी नही चुकते।

बीएमओ डॉक्टर गौतम-
ने कहा कि मैं रोजाना उपस्थिति पंजी नही देखता हूँ। आपने कहा था तो मैं चेक करवाता हूँ।

जीसी शर्मा- सीएचएमओ दंतेवाड़ा

बीएमओ समक्ष अधिकारी है कार्यवाही करने के लिए मैं पता करवाता हूँ। साथ ही ऐसी हरकतों की पुनरावृत्ति न हो कहता हूँ। मामले को पूरा पता लगवाता हूँ।।